नवी मुंबई में अवैध उगाही के लग रहे आरोप, वाघचोरे व्यक्ति की हो रही शिकायतें
सीतू सिंह | नवी मुंबई : नवी मुंबई के APMC मार्केट क्षेत्र में अवैध उगाही, धमकी और झूठे मामलों के आरोपों को लेकर स्थानीय व्यापारियों में नाराज़गी बढ़ती जा रही है। कई दुकानदारों और मजदूरों ने आरोप लगाया है कि रात के समय बाज़ार में सक्रिय कुछ लोगों द्वारा शराब, नशा और भंगार से जुड़े व्यवसायों के अलावा छोटे व्यापारियों से जबरन हफ्ता वसूला जाता है। शिकायतकर्ताओं का मीडिया कर्मीयों सें दावा है कि इस उगाही रैकेट में भाऊ वाघचोरे नाम का व्यक्ति प्रमुख रूप से शामिल है, जो कथित तौर पर व्यापारियों पर दबाव बनाकर पैसे वसूलता है। आरोप यह भी है कि जो लोग उगाही देने से मना करते हैं, उनके खिलाफ डराने-धमकाने की कोशिशें की जाती हैं और कई बार तो झूठे केस भी दर्ज करा दिए जाते हैं। कुछ पुलिसकर्मियों पर मिलीभगत के आरोप है, स्थानीय व्यापारियों ने यह भी आरोप लगाया है कि इन गतिविधियों में कुछ पुलिसकर्मियों की प्रत्यक्ष या परोक्ष भूमिका हो सकती है। उनका कहना है कि कई बार शिकायत करने पर भी FIR दर्ज नहीं की जाती या कार्रवाई टाल दी जाती है, जिससे संदेह गहराता है कि उगाही रैकेट को स्थानीय स्तर पर संरक्षण मिल रहा है। व्यापारियों ने बताया कि APMC मार्केट में रात के समय गश्त और सुरक्षा इंतज़ाम बेहद कम हैं, जिससे अवैध गतिविधियों को बढ़ावा मिलता है। पुलिस प्रशासन मौन, नागरिक नाराज़, पीड़ित पक्ष का कहना है कि उन्होंने कई बार APMC पुलिस स्टेशन में मौखिक शिकायतें कीं, लेकिन उचित कार्रवाई नहीं हुई। इससे लोगों में पुलिस प्रशासन के प्रति अविश्वास पैदा हो गया है। कई शिकायतकर्ताओं ने बताया कि यदि आरोपों की निष्पक्ष जांच हो, तो “पूरे रैकेट का खुलासा” संभव है। उच्चस्तरीय जांच की मांग- स्थानीय नागरिकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार और नवी मुंबई पुलिस आयुक्तालय से मांग की है कि आरोपों की स्वतंत्र और उच्चस्तरीय जांच हो, उगाही रैकेट पर कार्रवाई की जाए, पुलिसकर्मियों की भूमिका की भी जांच की जाए, सूत्रों का कहना है कि जल्द ही इस मामले को लेकर बॉम्बे हाई कोर्ट में एक रिट याचिका दाखिल की जा सकती है।